अर्थ से ही अर्थ
देश की अर्थव्यवस्था अहम होती है।इसके लिए चाणक्य जैसी बुद्धि ओर कड़ी मेहनत चाहिए तब ये संवर निखर पाएगी।  भारत भूमि: ये देव भूमि ही है जिसका अस्तित्व विभिन्न परिस्थितियों में बना हुआ है प्रकृति देवी के उपासकों आर्यों के वंसजों पर प्रकृति देवी का आशिर्वाद है।ज्ञान भूमि विज्ञान भूमि विश्व जगत को उत्पति का मर्म सीखाने वाली भारत भूमि जिसने लाखों युद्ध झेले हैं,युद्ध इसको बदलने बनाने वाले अहम कारक हैं।विभिन पारिस्थितिक चकर्णो में भारत भूमि का गौरव बना हुआ है।युद्ध अलग चीज है और अस्तित्व अलग चीज ,युद्ध कई बार अस्तित्व के लिए जरूरी भी होता है और कई बार युद्ध को खत्म करके ही अस्तित्व बचाया जा सकता है।युद्ध सिर्फ हथियार का नहीं आर्थिक भी हो सकता है।राजनीति अकेली महत्वपूर्ण नहीं।निरंतर अस्तित्व को बनाये रखने में अहम रोल किसी देश की राजनीतिक आर्थिक व्यवस्था का होता है। किसी देश की अर्थ व्यवस्था डूबने का मतलब है देश का डूबना ओर अर्थव्यबस्था सहज ग्रोइंग मोड में आ जाये ऐसा कभी सम्भव नहीं।मेहनत और ईमानदारी की जरूरत होगी जो दोनों ही गुण भारत की राजनीति में दृश्य हैं पर कृत्य में वर्तमान...